UGC NET Exam Pattern और Marks Scheme 2025 की पूरी जानकारी हिंदी में जानें। पेपर 1 और पेपर 2 पैटर्न, मार्किंग स्कीम, कट-ऑफ, और तैयारी टिप्स यहाँ पढ़ें।
UGC NET Exam Pattern और Marks Scheme की पूरी जानकारी
![]()
UGC NET परीक्षा का परिचय
UGC NET (University Grants Commission – National Eligibility Test) भारत में आयोजित की जाने वाली सबसे प्रतिष्ठित परीक्षाओं में से एक है। यह परीक्षा विश्वविद्यालय और कॉलेज स्तर पर असिस्टेंट प्रोफेसर और जूनियर रिसर्च फेलोशिप (JRF) के लिए पात्रता तय करने हेतु आयोजित की जाती है।
UGC NET का महत्व
यह परीक्षा उन उम्मीदवारों के लिए बेहद जरूरी है जो टीचिंग और रिसर्च क्षेत्र में अपना करियर बनाना चाहते हैं।
UGC NET पास करने के बाद उम्मीदवारों को देशभर के कॉलेजों और यूनिवर्सिटीज़ में पढ़ाने का मौका मिलता है।
साथ ही JRF प्राप्त करने पर उम्मीदवारों को रिसर्च स्कॉलरशिप भी दी जाती है।
परीक्षा आयोजित करने वाली संस्था
इस परीक्षा का आयोजन नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) करती है। यह संस्था ऑनलाइन मोड में परीक्षा का संचालन करती है और पूरे देश में परीक्षा केंद्र उपलब्ध कराती है।
UGC NET Exam Pattern की विस्तृत जानकारी
UGC NET परीक्षा पूरी तरह से ऑनलाइन (Computer Based Test – CBT) होती है। इसमें दो पेपर शामिल होते हैं:
Paper 1 – टीचिंग और रिसर्च एप्टीट्यूड पर आधारित।
Paper 2 – विषय आधारित (Subject-specific)।
परीक्षा का प्रकार
सभी प्रश्न Objective Type (MCQ) होते हैं।
हर प्रश्न के चार विकल्प होते हैं जिनमें से सही विकल्प चुनना होता है
Click Here For: UGC NET Paper 1 Solved PDF [2012–2025]–Free Download Now
परीक्षा की अवधि
दोनों पेपर मिलाकर कुल समय: 3 घंटे (180 मिनट)।
बीच में कोई ब्रेक नहीं दिया जाता।
प्रश्नों की संख्या और कुल अंक
Paper 1: 50 प्रश्न – 100 अंक
Paper 2: 100 प्रश्न – 200 अंक
कुल: 150 प्रश्न – 300 अंक
UGC NET Paper 1 Exam Pattern
Paper 1 सभी उम्मीदवारों के लिए समान होता है और इसमें सामान्य जागरूकता और शिक्षण क्षमता की जाँच की जाती है।
प्रश्नों की संख्या और अंक
कुल प्रश्न: 50
प्रत्येक प्रश्न: 2 अंक
कुल अंक: 100
शामिल विषय
टीचिंग एप्टीट्यूड (
रिसर्च एप्टीट्यूड
कॉम्प्रिहेंशन
रीजनिंग (मैथ और लॉजिकल)
डेटा इंटरप्रिटेशन
जनरल अवेयरनेस
कम्युनिकेशन
आईसीटी (Information & Communication Technology)
हाईयर एजुकेशन सिस्टम
पासिंग क्राइटेरिया
Paper 1 का उद्देश्य उम्मीदवार की सामान्य क्षमता को आंकना होता है।
इसे क्लियर करना अनिवार्य है क्योंकि यह कुल स्कोर में जोड़ा जाता है।
अगर आप UGC NET की तैयारी कर रहे हैं, तो आपके लिए दो बेहद उपयोगी संसाधन भी उपलब्ध हैं जिन्हें ज़रूर देखें। सबसे पहले, Teaching Aptitude Unit को मजबूत बनाने के लिए आप हमारे Teaching Aptitude Notes PDF in Hindi डाउनलोड कर सकते हैं, जिसमें आसान भाषा में पूरे टॉपिक की स्पष्ट व्याख्या और परीक्षा-उन्मुख बिंदु दिए गए हैं। इसे यहाँ पढ़ें और डाउनलोड करें: Teaching Aptitude Notes PDF in Hindi
इसके अलावा, Paper-1 में प्रश्न पैटर्न और ट्रेंड को समझने के लिए UGC NET Paper-1 Solved PDFs आपके लिए बहुत मददगार साबित होंगे। पिछले वर्षों के हल प्रश्नपत्र Concept clarity और practice दोनों में तेजी से सुधार कराते हैं। इसे यहाँ एक्सेस करें: UGC NET Paper-1 Solved PDFs
इन दोनों संसाधनों को एक बार अवश्य देखें—आपकी तैयारी की Quality और Score दोनों तेजी से बढ़ेंगे।
UGC NET Paper 2 Exam Pattern
Paper 2 विषय-विशेष पर आधारित होता है। इसमें उम्मीदवार को उसी विषय से संबंधित प्रश्न पूछे जाते हैं जो उसने मास्टर्स डिग्री में चुना होता है।
विषय आधारित प्रश्न
यह पेपर पूरी तरह से Subject-specific होता है।
उम्मीदवार अपने चुने हुए विषय में गहन जानकारी और रिसर्च क्षमता को प्रदर्शित करता है।
UGC NET Marks Scheme
UGC NET Marking Scheme:
| Paper | No. of Questions | Marks per Question | Total Marks | Negative Marking |
|---|---|---|---|---|
| Paper 1 | 50 | 2 | 100 | No |
| Paper 2 | 100 | 2 | 200 | No |
| Total | 150 | – | 300 | No |
प्रश्नों की संख्या और अंक
कुल प्रश्न: 100
प्रत्येक प्रश्न: 2 अंक
कुल अंक: 200
स्कोरिंग पैटर्न
सभी प्रश्न MCQ आधारित होते हैं।
Paper 2 का वेटेज Paper 1 से अधिक होता है, इसलिए इसकी तैयारी पर विशेष ध्यान देना जरूरी है।
UGC NET Marks Scheme
UGC NET में सभी प्रश्न अनिवार्य (Compulsory) होते हैं और सभी का उत्तर देना होता है।
सही उत्तर पर अंक
प्रत्येक सही उत्तर पर +2 अंक दिए जाते हैं।
किसी भी प्रश्न पर आंशिक अंक नहीं मिलते।
Negative Marking का नियम
कोई Negative Marking नहीं है।
यदि उत्तर गलत हो जाए, तो अंक नहीं काटे जाते।
कुल स्कोर की गणना
Paper 1 और Paper 2 के अंक जोड़कर कुल स्कोर तय होता है।
अधिकतम अंक: 300
Cut-Off और Qualifying Criteria
UGC NET में क्वालिफाई करने के लिए उम्मीदवार को न्यूनतम कट-ऑफ अंकों को हासिल करना जरूरी होता है।
सामान्य श्रेणी (General)
सामान्य वर्ग के उम्मीदवारों को प्रत्येक पेपर में 40% अंक लाने आवश्यक हैं।
OBC, SC/ST, PwD के लिए क्राइटेरिया
आरक्षित श्रेणियों (OBC-NCL, SC, ST, PwD) के लिए न्यूनतम कट-ऑफ 35% निर्धारित की गई है।
UGC NET Preparation Tips
UGC NET पास करना आसान नहीं है, लेकिन सही रणनीति से यह संभव है।
समय प्रबंधन
रोजाना 6–8 घंटे पढ़ाई के लिए निर्धारित करें।
टाइमटेबल बनाकर विषयवार तैयारी करें।
Mock Test और Previous Papers
जितने ज्यादा Mock Test देंगे, उतना आत्मविश्वास बढ़ेगा।
पिछले वर्षों के प्रश्न पत्रों को हल करें ताकि परीक्षा पैटर्न समझ सकें।
सही स्टडी मैटेरियल का चुनाव
UGC NET की तैयारी के लिए NTA द्वारा जारी आधिकारिक सिलेबस और प्रैक्टिस बुक्स का उपयोग करें।
ऑनलाइन कोर्स और वीडियो लेक्चर्स से भी मदद मिल सकती है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)
Q1. UGC NET में कितने पेपर होते हैं?
UGC NET में दो पेपर होते हैं – Paper 1 (जनरल) और Paper 2 (विषय-विशेष)।
Q2. क्या UGC NET में Negative Marking होती है?
नहीं, इस परीक्षा में कोई Negative Marking नहीं होती।
Q3. UGC NET की कुल परीक्षा अवधि कितनी है?
कुल परीक्षा अवधि 3 घंटे (180 मिनट) है।
Q4. क्या UGC NET क्वालिफाई करने के बाद PhD के लिए जरूरी है?
हाँ, PhD में प्रवेश और रिसर्च स्कॉलरशिप के लिए UGC NET क्वालिफाई करना लाभदायक है।
Q5. UGC NET का सिलेबस कहाँ से डाउनलोड करें?
UGC NET का आधिकारिक सिलेबस NTA की वेबसाइट से डाउनलोड किया जा सकता है। 👉 NTA Official Website
Q6. कितने प्रयासों की अनुमति है?
UGC NET परीक्षा में असीमित प्रयास की अनुमति है।
निष्कर्ष (Conclusion)
UGC NET परीक्षा भारत में शिक्षा और रिसर्च क्षेत्र में करियर बनाने का सबसे बड़ा अवसर है। इसमें Paper 1 और Paper 2 शामिल हैं, जिनका पैटर्न और मार्किंग स्कीम समझना सफलता की पहली सीढ़ी है। सही तैयारी, समय प्रबंधन और मॉक टेस्ट प्रैक्टिस से यह परीक्षा पास करना बिल्कुल संभव है।